अक्सर भारतीय पुरुष स्किन की प्रोब्लम्स इग्नोर कर देते हैं। लेकिन अब समय बदला है और जितनी चिंता महिलाएं अपनी त्वचा की करती हैं, ठीक उतनी ही चिंता पुरुष भी करते हैं। सिर्फ चिंता नहीं, बल्कि वो तो इनके इलाज के बारे में भी खोज खबर रखते हैं। अब आप भी इन्हीं पुरुषों में शुमार हैं, तो जरा पहले उन दिक्कतों के बारे में जान लीजिए, जो अक्सर पुरुष अपनी त्वचा के साथ फेस करते हैं। इनको जानेंगे नहीं, तो इलाज भी कठिन होगा। ज्यादा देर होने पर शायद इलाज हो भी ना पाए। सूरज की किरणें हमारी त्वचा के लिए कितनी खतरनाक हैं, ये लगभग सभी जानते हैं। गाढ़े रंग की त्वचा में मेलेनिन नाम का तत्व होता है, जो सूरज की यूवी किरणों से त्वचा की पूरी रक्षा करता है। लेकिन वहीं गोरे लोगों के साथ थोड़ी दिक्कत होती है। ऐसे लोगों की त्वचा जाड़े की धूप में भी जल सकती है। उस पर दाने और रैशेज भी हो सकते हैं। पर त्वचा कैसी भी हो ख्याल रखने की जरुरत सभी को होती है। मतलब अगर त्वचा पर्फेक्ट है, तो भी उसको खराब ना होने देने के लिए ख्याल रखना ही होगा। त्वचा खराब है तो ख्याल रखना ही है। इसके लिए सबसे पहले तो धूप से त्वचा को बचाने के बारे में सोचिए। धूप से बचाव करना मानो त्वचा को जीवन देने जैसा है। जरूरी है कि गर्मी हो या जाड़ा, धूप से बचने की कोशिश की जाती रहे।
इसके लिए आप धूप में जाने से पहले सनस्क्रीन, धूप के चश्मे, टोपी आदि लगाकर ही बाहर निकलें। लेकिन हा अगर धूप से सनबर्न हो चुका है तो विटामिन ई आपका सहारा बनेगा। विटामिन ई वाली क्रीम आपको दिन में दो बार चेहरे पर लगानी होगी।
एथलीट्स फुट, इन्फेक्शन का असर
एथलीट्स फुट। ये नाम सुनने में ऐसा लगता है मानो किसी खिलाड़ी के पैरों की बात हो रही है, लेकिन ये नाम है एक फंगल इन्फेक्शन का। जो पब्लिक प्लेस में ज्यादा रहें, पर दोगुना होता जाता है। फिर चाहे जिम हो या स्पोर्ट्स क्लब का ड्रेसिंग रूम, इस इन्फेक्शन के होने की संभावना बनी रहती है।
ये इन्फेक्शन अक्सर पैर की उंगलियों के बीच से शुरू होता है। फिर बढ़ते हुए नाखूनों तक पहुंचता है और पैर के किनारों पर भी ये इन्फेक्शन पहुंच जाता है। इसके लिए जरूरी है कि पैरों को दिन में दो बार धोकर साफ किया जाए, जिससे इन्फेक्शन बिलकुल भी न बढ़े।
याद रखिए धोने के बाद पैरों को सुखाएं जरूर। मौसम ठीक हो, तो कोशिश करें जूते ना पहनें बल्कि सैंडल ही पहनें। दरअसल जूतों के साथ मोजे भी पहनने होंगे। जो पैरों को गर्मी देंगे, जिससे इन्फेक्शन और बढ़ेगा। इसमें डॉक्टर से सलाह लेना ही सही रहता है।